मां–बेटी हत्याकांड का पुलिस ने किया खुलासा परिवार के ही युवक ने लूट के लिए दी दोहरी मौत, नशे में कर दी हथौड़े से वार
गोरखपुर, शाहपुर थाना क्षेत्र के घोसीपुरवा में मां–बेटी की हुई दोहरी हत्या का सनसनीखेज खुलासा पुलिस ने शनिवार को प्रेस वार्ता में किया। पुलिस लाइन स्थित वाइट हाउस सभागार में आयोजित प्रेस वार्ता में एसपी नगर अभिनव त्यागी ने बताया कि यह घटना किसी बाहरी बदमाश की नहीं, बल्कि परिवार के ही करीबी युवक की करतूत है। आरोपी रितेश रंजन उर्फ रजत (21), रेलवे कर्मचारी का बेटा और बीए अंतिम वर्ष का छात्र है, जिसने लूट की नीयत से यह वारदात अंजाम दी।
प्रेस वार्ता के दौरान एसपी अपराध सुधीर जयसवाल तथा सीओ गोरखनाथ रवि सिंह भी मौजूद रहे।
नशे में कर दी हत्या, फिर आभूषण व नकदी लूटी
एसपी नगर ने बताया कि 23 नवंबर की रात आरोपी रजत, शांति जायसवाल (75) और उनकी बेटी विमला (50) के घर गया। दोनों को विश्वास में लेते हुए शराब पिलाई। जब दोनों नशे में हो गईं, तभी उसने हथौड़े से हमला कर हत्या कर दी।इसके बाद घर में रखे लगभग 4.50 लाख रुपये और सोने का ब्रेसलेट लेकर फरार हो गया।
लूट के पैसों से आरोपी ने अपनी गर्लफ्रेंड को मोबाइल खरीदा और उसके पिता का कर्ज चुकाया।
800 CCTV फुटेज और 200 मोबाइल नंबरों के विश्लेषण से खुला राज
एसपी नगर ने बताया कि जांच शुरू से चुनौतीपूर्ण रही। घर का दरवाज़ा टूटा नहीं था, न ही जबरन प्रवेश के निशान थे। हथौड़ा कपड़े में लिपटा होने के कारण फिंगरप्रिंट भी नहीं मिले।
पुलिस ने तकनीकी जांच में 800 से अधिक सीसीटीवी फुटेज, 200 मोबाइल नंबर, और स्थानीय लोगों से पूछताछ की। आरोपी की संदिग्ध लोकेशन, असामान्य खर्च और मोबाइल पैटर्न उजागर होने पर उससे पूछताछ की गई, जिसमें वह टूट गया और जुर्म स्वीकार कर लिया। सोना, नकदी, मोबाइल और हथौड़ा बरामद
पुलिस ने आरोपी की निशान देही पर
– 16.94 ग्राम सोने की चेन गलवाया हुआ 17.94 ग्राम सोना– सोने की अंगूठी 50 हजार रुपये नकद– मोबाइल फोन– घटना में इस्तेमाल हथौड़ा और वारदात में प्रयुक्त दोपहिया वाहन बरामद किया।पुलिस के अनुसार आरोपी मृतका विमला और उनकी मां से काफी परिचित था और आए–जाते रहता था। घर में मौजूद आभूषणों और नकदी को देखकर उसने लूट की योजना बनाई और उसी भरोसे के सहारे घर में प्रवेश कर वारदात को अंजाम दिया।मुकदमे में पहले दर्ज धारा 103(1) बीएनएस के साथ अब 305, 315 और 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी की गई है।
एसपी नगर ने कहा कि तकनीकी और सर्विलांस टीम की मेहनत से पुलिस ने 13 दिन में इस जघन्य हत्याकांड का खुलासा किया।
जिला ब्यूरो चीफ सुनील कुमार गोरखपुर









