अंतरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस पर विद्यार्थियों ने पोस्टर एवं भाषण प्रतियोगिता के माध्यम से दिया जागरूकता का संदेश
जौनपुर। अंतरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस (13 अक्टूबर 2026) के अवसर पर मेरा युवा भारत, जौनपुर, युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार के तत्वावधान में सरस्वती शिक्षा मंदिर (मौर्या स्कूल), बरदहिया बाजार, नई आबादी, शाहगंज, जौनपुर में जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में श्री राम निरंजन मौर्य, प्रबंधक उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता विद्यालय की प्रधानाचार्य श्रीमती माधुरी मौर्य ने की। इस अवसर पर विद्यालय के शिक्षकगण श्रीमती मधु श्रीवास्तव, श्रीमती वर्षा सोनकर एवं श्री ऋषिकेश कुमार यादव सहित अन्य शिक्षक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थियों के लिए पोस्टर मेकिंग प्रतियोगिता, भाषण प्रतियोगिता एवं आपदा प्रबंधन पर संगोष्ठी का आयोजन किया गया। विद्यार्थियों ने पोस्टरों और अपने विचारों के माध्यम से बाढ़, भूकंप, आग जैसी प्राकृतिक एवं अन्य आपदाओं से बचाव, सुरक्षा उपायों तथा आपातकालीन परिस्थितियों में सतर्कता बरतने का संदेश दिया।
मुख्य अतिथि श्री राम निरंजन मौर्य ने आपदा के प्रति जागरूकता और उससे बचाव की तैयारी के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने विद्यार्थियों को आपातकालीन परिस्थितियों में धैर्य बनाए रखने, सुरक्षा संबंधी निर्देशों का पालन करने तथा समाज में जागरूकता फैलाने के लिए प्रेरित किया।
प्रधानाचार्य श्रीमती माधुरी मौर्य ने ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों को विद्यार्थियों के लिए उपयोगी बताते हुए कहा कि आपदा प्रबंधन की जानकारी प्रत्येक व्यक्ति के लिए आवश्यक है। समय रहते की गई तैयारी और सही जानकारी से आपदा के प्रभाव को कम किया जा सकता है।

कार्यक्रम के संयोजक बृजेश यादव एवं प्रिया यादव ने कार्यक्रम के उद्देश्यों पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को आपदा जोखिम न्यूनीकरण के प्रति जागरूक रहने तथा अपने परिवार एवं समाज को भी जागरूक करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। पोस्टर एवं भाषण प्रतियोगिताओं के माध्यम से उनकी रचनात्मकता, जागरूकता और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना देखने को मिली।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों एवं आमजन को आपदा प्रबंधन, सुरक्षा उपायों तथा आपदा से होने वाले नुकसान को कम करने के प्रति जागरूक करना रहा।
कार्यक्रम का संदेश:
“आपदा से बचाव की तैयारी, सुरक्षित जीवन की जिम्मेदारी।

